मातृशक्ति के खातों में पहुँची महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त

0
IMG-20260807-WA0301


मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 67.20 लाख महिलाओं के खातों में डीबीटी से 630.55 करोड़ रुपये किए अंतरित
योजना के तहत अब तक 19,444.33 करोड़ रुपये का भुगतान, महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण को मिली नई मजबूती
रायपुर।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री निवास कार्यालय से महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त जारी करते हुए प्रदेश की 67 लाख 20 हजार 125 पात्र महिलाओं के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से 630 करोड़ 55 लाख 54 हजार 300 रुपये की राशि अंतरित की। कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, प्रमुख सचिव शहला निगार तथा विभाग की संचालक डॉ. रेणुका श्रीवास्तव उपस्थित रहीं।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि महतारी वंदन योजना राज्य सरकार की सबसे महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजनाओं में शामिल है, जिसका उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाकर उन्हें सम्मानजनक और आत्मनिर्भर जीवन उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि जब माताएं और बहनें आर्थिक रूप से मजबूत होती हैं, तब परिवार, समाज और प्रदेश का विकास भी तेज गति से होता है।
उन्होंने कहा कि यह योजना केवल प्रतिमाह एक हजार रुपये की सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि महिलाओं के आत्मविश्वास, निर्णय क्षमता और सामाजिक भागीदारी को भी मजबूत कर रही है। योजना से मिलने वाली राशि का उपयोग लाखों परिवार शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और आजीविका जैसे आवश्यक कार्यों में कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि अनेक महिलाएं इस राशि से बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठा रही हैं, वहीं कई माताएं बेटियों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश कर रही हैं। बड़ी संख्या में महिलाओं ने सिलाई-कढ़ाई, ब्यूटी पार्लर, डेयरी, पशुपालन, किराना दुकान, सब्जी विक्रय, अगरबत्ती निर्माण सहित विभिन्न छोटे स्वरोजगार शुरू कर अपनी आय बढ़ाई है और आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूत कदम बढ़ाए हैं।
उन्होंने कहा कि सुशासन का अर्थ केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका लाभ अंतिम व्यक्ति तक समय पर और पूरी पारदर्शिता के साथ पहुंचाना है। महतारी वंदन योजना इसी सोच का परिणाम है, जिसके तहत हर महीने एक हजार रुपये सीधे महिलाओं के बैंक खातों में भेजे जा रहे हैं। डीबीटी व्यवस्था ने पारदर्शिता बढ़ाने के साथ महिलाओं का शासन पर विश्वास भी मजबूत किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, कौशल विकास, स्वरोजगार और वित्तीय समावेशन जैसे क्षेत्रों में लगातार कार्य कर रही है। महतारी वंदन योजना इन प्रयासों की मजबूत आधारशिला बनकर महिलाओं को आर्थिक सुरक्षा और सामाजिक सम्मान प्रदान कर रही है।
1 मार्च 2024 से लागू योजना, 30 किस्तों में 19,444.33 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान
महतारी वंदन योजना का शुभारंभ 1 मार्च 2024 को किया गया था। 30वीं किस्त जारी होने के साथ ही योजना के तहत महिलाओं को अब तक 19 हजार 444 करोड़ 33 लाख रुपये से अधिक की राशि वितरित की जा चुकी है।
योजना का सकारात्मक प्रभाव अब प्रदेश के लाखों परिवारों में स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। नियमित आर्थिक सहायता से महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ा है, घरेलू निर्णयों में उनकी भागीदारी मजबूत हुई है तथा बच्चों की शिक्षा, पोषण और स्वास्थ्य पर खर्च में वृद्धि हुई है। साथ ही स्वयं सहायता समूहों और छोटे व्यवसायों के माध्यम से महिलाओं की आय में भी बढ़ोतरी हुई है। राज्य सरकार का मानना है कि महिलाओं का आर्थिक सशक्तिकरण ही समावेशी विकास की सबसे मजबूत नींव है और महतारी वंदन योजना इसी सोच को साकार करते हुए विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *